📅 Published on: March 29, 2023
जुर्माना अदा न करने की दशा में 6 माह के अतिरिक्त कारावास की सजा भोगनी होगी
kapilvastupost reporter
सिद्धार्थनगर। अपर सत्र न्यायाधीश द्वितीय हिमांशु दयाल श्रीवास्तव ने हत्या के प्रयास एवं मारपीट के दोषी को रामप्रसाद उर्फ चिनक को घटना का दोषी करार देते हुए 10 वर्षों के कारावास की सजा के साथ ही 20 हजार रुपयों के जुर्माने से भी दण्डित किया है। घटना शोहरतगढ़ थानाक्षेत्र के ग्राम मेढ़वा की है जो वर्ष 2011 में घटी थी।
मेढ़वा निवासी मोलहू पुत्र शोहबत ने शोहरतगढ़ थाने पर तहरीर देकर अपने गाँव के ही राम प्रसाद उर्फ चिनक पुत्र बेचन के ऊपर आरोप लगाया कि 26 अगस्त 2011 की रात करीब 10 बजे उसके लड़के रमेश और आरोपी के बीच कहासुनी हुई। लोगों के बीचबचाव से झगड़ा खत्म हुआ और उसे लोग उसके घर छोड़ आये। 10 मिनट बाद रामप्रसाद उर्फ चिनक धारदार हथियार से लैश होकर आया और जान से मारने की कोशिश करते हुए रमेश के लड़के राजेश की गर्दन पर पीछे से वार कर दिया, जिससे उसके गर्दन में काफी गहरा घाव हो गया।
राजेश की हालत काफी नाजुक है उसका दवा इलाज जिला अस्पताल में चल रहा है। पुलिस ने घटना की लिखित तहरीर पर एफआईआर दर्ज करके विवेचना किया और उसके बाद रामप्रसाद उर्फ चिनक को घटना का आरोपी पाकर उसके विरुद्ध न्यायालय में आरोपपत्र दाखिल किया। न्यायालय ने मामले का संज्ञान लेकर विचारण प्रारम्भ किया और विचारण के दौरान उपलब्ध साक्ष्यों, चिकित्सकीय परीक्षण रिपोर्ट एवं मामले के तथ्यों एवं परिस्थितियों के आधार पर रामप्रसाद उर्फ चिनक को मारपीट एवं हत्या के प्रयास का दोषी पाया।
दोनों पक्षों को दण्डादेश के विषय पर सुनवाई करके न्यायालय ने दोषी अभियुक्त को 10 वर्षों के कारावास की सजा देते हुए 20 हजार रुपयों के अर्थदण्ड से भी दण्डित किया है। अर्थदण्ड अदा न करने की दशा में छः माह के अतिरिक्त कारावास की सजा भोगनी होगी। राज्य सरकार की तरफ से पीड़ित पक्ष की पैरवी अपर जिला शासकीय अधिवक्ता राजेश कुमार त्रिपाठी ने किया।