📅 Published on: April 4, 2025
Kapilvastupost
सिद्धार्थ नगर – भाजपा सरकारें डॉ. भीमराव आंबेडकर द्वारा रचित संविधान की मूल भावना के विपरीत काम कर रही हैं और इंसानियत की हत्या कर रही हैं। रेलवे भर्ती में दलितों और पिछड़े वर्ग के अभ्यर्थियों के साथ अन्याय इसका ताजा उदाहरण है, जहां इंटरव्यू के बाद उन्हें बाहर कर दिया गया,” यह तीखा आरोप उत्तर प्रदेश सरकार के पूर्व कैबिनेट मंत्री और अपनी जनता पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष स्वामी प्रसाद मौर्य ने लगाया।
वह गुरुवार को कृष्णानगर वार्ड स्थित डॉ. भीमराव आंबेडकर पार्क में आयोजित ‘संविधान सम्मान व जनहित हुंकार यात्रा’ कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे। यह आयोजन सामाजिक परिवर्तन आंदोलन के पुरोधा मान्यवर कांशीराम की जयंती के अवसर पर किया गया था।
स्वामी प्रसाद मौर्य ने कहा कि भाजपा के शासन में बेरोजगारी, महंगाई और भ्रष्टाचार चरम पर है। सरकारी नौकरियों का अस्तित्व ही समाप्त हो गया है। उत्तर प्रदेश में 27 हजार से अधिक प्राइमरी स्कूल इसलिए बंद कर दिए गए क्योंकि सरकार का दावा है कि वहां बच्चे नहीं हैं, लेकिन हकीकत यह है कि स्कूलों में शिक्षक ही नहीं हैं। भर्ती प्रक्रिया को रोक दिया गया है।
उन्होंने स्वास्थ्य सेवाओं की बदहाली पर भी सवाल उठाते हुए कहा, “सरकारी अस्पतालों में डॉक्टर नहीं हैं और आम आदमी को मजबूरी में महंगे निजी अस्पतालों का रुख करना पड़ रहा है।”
कार्यक्रम की अध्यक्षता जिला प्रभारी सुरेंद्र मौर्य ने की। इस अवसर पर पार्टी के राष्ट्रीय और प्रांतीय पदाधिकारियों में भगवती प्रसाद सागर, कोरी सुभाष चंद्र, गुलाब मौर्य, आरके मौर्य और दिलीप चौधरी सहित कई वरिष्ठ नेता उपस्थित रहे।