बड़ी ख़बर: भारत-नेपाल सीमा पर SSB को मिली सबसे बड़ी कामयाबी, 40 लाख रुपये की अवैध नकदी जब्त

गुरु जी की कलम से

सिद्धार्थनगर। भारत-नेपाल सीमा पर स्थित सशस्त्र सीमा बल (एसएसबी) की सीमा चौकी, बढ़नी ने एक बड़ी सफलता हासिल की है। एसएसबी के जवानों ने गोरखपुर से नेपाल जा रही एक हुंडई आई-20 कार से 40 लाख रुपये की भारतीय मुद्रा बरामद कर दो व्यक्तियों को हिरासत में लिया है। यह रकम एसएसबी द्वारा अब तक की गई सबसे बड़ी बरामदगी बताई जा रही है।

सूचना पर गठित हुई थी विशेष टीम

​जानकारी के अनुसार, “सी” समवाय एसएसबी बढ़नी के असिस्टेंट कमांडेंट श्री संजय के.पी. को गुप्त सूचना मिली थी। इस सूचना के आधार पर, उन्होंने तत्काल एक विशेष गश्ती दल का गठन किया। इस दल में उप.निरी. (सा.) चुणमनी, मु.आ. (सा.) अरुण सी. येनारे, आ. (सा.) विक्रम सिंह, आ. (सा.) दिवाकर सिंह, आ. (सा.) तेजवीर सिंह और आ. (सा.) देश पाल सिंह शामिल थे। टीम को भारत-नेपाल को जोड़ने वाली अंतर्राष्ट्रीय सीमा पर तैनात किया गया।

चेकिंग के दौरान पकड़े गए आरोपी

​गश्ती दल को गोरखपुर की ओर से आ रही एक हुंडई आई-20 कार (नंबर UP32HP 7925) दिखाई दी। जवानों ने कार को रोककर गहन जांच-पड़ताल की। जांच के दौरान, कार के अंदर एक बड़े थैले में भारी मात्रा में नकदी मिली। कार में सवार दो व्यक्तियों की पहचान अतुल कुमार सैनी (पिता- श्री गुलाब चंद्र सैनी) और मकसूद आलम (पिता- हाजी शाह आलम) के रूप में हुई।

पूंछताछ में नहीं दे पाए संतोषजनक जवाब

​जब एसएसबी ने थैले में रखी रकम की गिनती की, तो वह कुल 40 लाख रुपये (500 के 8000 नोट) निकली। दोनों व्यक्तियों के पास से एक-एक मोबाइल फोन भी बरामद किया गया। जब उनसे इस मोटी रकम के बारे में पूछताछ की गई तो वे कोई संतोषजनक जवाब नहीं दे पाए। न ही वे इस रकम की वैधता साबित करने के लिए कोई दस्तावेज या प्रमाण दिखा पाए।

​इसके बाद, एसएसबी ने मानवाधिकार नियमों का पालन करते हुए दोनों व्यक्तियों, कार, मोबाइल फोन और 40 लाख रुपये की नकदी को अपनी हिरासत में ले लिया। सभी जब्ती से संबंधित कागजात तैयार करने के बाद, पूरे मामले को आगे की कानूनी कार्रवाई के लिए डी.आर.आई. (DRI) गोरखपुर को सौंप दिया गया है। 50वीं वाहिनी एसएसबी बलरामपुर के लिए यह एक महत्वपूर्ण उपलब्धि है, जिसने सीमा सुरक्षा के प्रति अपनी प्रतिबद्धता को फिर से साबित किया है।