📅 Published on: July 12, 2026
पर्यावरण संरक्षण वर्तमान समय की सबसे बड़ी आवश्यकता: जनपद न्यायाधीश
देवेन्द्र श्रीवास्तव
उसका बाजार, सिद्धार्थनगर।
पर्यावरण संरक्षण और हरियाली को बढ़ावा देने के उद्देश्य से रविवार को जनपद न्यायालय परिसर में **”एक पेड़ माँ के नाम”** अभियान के अंतर्गत एक वृहद वृक्षारोपण कार्यक्रम का सफल आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम जनपद न्यायाधीश/अध्यक्ष, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, सिद्धार्थनगर **त्रिभुवन नाथ** के दिशा-निर्देशन में संपन्न हुआ। इस खास मौके पर न्यायिक अधिकारियों और वन विभाग की टीम ने संयुक्त रूप से पौधरोपण कर समाज को पर्यावरण बचाने का मजबूत संदेश दिया।
**दिग्गज न्यायिक अधिकारियों और वन विभाग की रही गरिमामयी उपस्थिति**
इस वृहद अभियान में जिले के तमाम वरिष्ठ न्यायिक अधिकारियों और वन विभाग के कर्मचारियों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। कार्यक्रम के दौरान मुख्य रूप से उपस्थित रहे: अखिलेश कुमार पाण्डेय (प्रधान न्यायाधीश, परिवार न्यायालय)
,वीरेन्द्र कुमार** (अपर जनपद न्यायाधीश, पॉक्सो/एफटीसी),
कनिष्क कुमार सिंह** (अपर जनपद न्यायाधीश/एफटीसी-प्रथम),अरुण कुमार चतुर्थ (प्रभारी सचिव, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण),शिवेन्द्र शर्मा** (अपर सिविल जज, जूनियर डिवीजन),श्रेय कुमार वर्मा** (सिविल जज, जूनियर डिवीजन/एफटीसी-प्रथम),ओम प्रकाश (क्षेत्रीय वन अधिकारी, इटवा रेंज)
इनके अलावा न्यायालय और वन विभाग के तमाम अन्य अधिकारी व कर्मचारी भी इस पुनीत कार्य के साक्षी बने।
**रोपे गए फलदार और छायादार पौधे, लिया संरक्षण का संकल्प**
कार्यक्रम के तहत न्यायालय परिसर में विभिन्न प्रजातियों के फलदार और छायादार पौधों का रोपण किया गया। वृक्षारोपण के बाद उपस्थित अधिकारियों ने पर्यावरण के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा: “पर्यावरण संरक्षण आज के समय की सबसे बड़ी मांग है। हर व्यक्ति को अपने जीवन में कम से कम एक पौधा जरूर लगाना चाहिए। सिर्फ पौधा लगाना ही काफी नहीं है, बल्कि उसकी नियमित देखभाल करना और उसे जीवित रखना भी हमारा कर्तव्य है। वृक्ष न केवल हवा को शुद्ध करते हैं, बल्कि हमारी आने वाली पीढ़ियों के लिए स्वस्थ जीवन का आधार भी हैं।”
सामूहिक संकल्प के साथ हुआ समापन
कार्यक्रम के समापन पर वहां मौजूद सभी अधिकारियों और कर्मचारियों ने एक स्वर में संकल्प लिया कि वे भविष्य में अधिक से अधिक वृक्षारोपण करेंगे और आज रोपे गए पौधों का यत्नपूर्वक संरक्षण व पोषण करेंगे।