📅 Published on: October 3, 2026
Kapilvastupost
सिद्धार्थनगर (खुनुवां)। भारत-नेपाल सीमा पर स्थित खुनुवां बॉर्डर पर सीमा शुल्क (कस्टम), सशस्त्र सीमा बल (एसएसबी) और पुलिस की संयुक्त टीम को तस्करी के खिलाफ बड़ी सफलता मिली है। नेपाल से भारत आ रहे दो बुलेट टैंकरों (ट्रकों) की गहन तलाशी के दौरान चीन निर्मित 13,840 किलोग्राम कद्दू के बीज और 10,820 किलोग्राम छिलके वाले अखरोट (कुल लगभग 24 टन माल) बरामद किए गए हैं।
टीम ने एक ट्रक के चालक और सहचालक को हिरासत में लेकर कस्टम को सौंप दिया है, जबकि दूसरे ट्रक का चालक व सहचालक अंधेरे का फायदा उठाकर मौके से फरार होने में कामयाब रहे।
गुप्त केबिन बनाकर की जा रही थी तस्करी
जांच में सामने आया कि तस्करों ने सामान्य जांच से बचने के लिए बेहद शातिराना तरीका अपनाया था। दोनों बुलेट ट्रकों की ऊपरी बॉडी में बोरियां छिपाने के लिए लोहे की चादरें (बॉडी) काटकर अलग से सीक्रेट फाटक बनाए गए थे और उन्हें एमसीएल पाउडर व फ्लाई ऐश से ढक दिया गया था।
शुरुआती जांच में इन गुप्त फाटकों का पता नहीं चला, लेकिन जब चालकों के व्यवहार पर टीम को संदेह हुआ, तो शुक्रवार सुबह गहन जांच की गई, जिसमें बॉडी के ऊपरी हिस्सों में छिपाए गए माल का पर्दाफाश हुआ।
टांडा से फ्लाई ऐश लेकर गए थे नेपाल
जानकारी के अनुसार, ट्रकों के चालक गत 21 सितंबर को यूपी से फ्लाई ऐश लादकर नेपाल के भैरहवा स्थित एक सीमेंट फैक्ट्री गए थे। 22 सितंबर को नेपाल में प्रवेश करने के बाद खाली टैंकरों में लौटते समय तौलिहवा से यह खेप लादकर उत्तर प्रदेश के बस्ती भेजी जा रही थी।
गिरफ्तार चालक उमापति तिवारी (निवासी बहुपुरा, सुलतानपुर) और सहचालक अखिलेश पांडे (निवासी बरेठा, अमेठी) ने पूछताछ में कबूला कि उन्हें यह माल भारत पहुंचाने का काम सौंपा गया था।
ढेबरुआ बॉर्डर पर भी पकड़ा गया चाइनीज सामान और नेपाली युवक
एक अन्य कार्रवाई में, भारत-नेपाल सीमा के ढेबरुआ (बढ़नी) क्षेत्र में एसएसबी और कस्टम की संयुक्त टीम ने नेपाल से भारत आ रही एक बस से चीन और नेपाल निर्मित खाद्य सामग्री व कपड़ों की खेप बरामद की। इस मामले में 40 वर्षीय नेपाली नागरिक नारायण प्रसाद गौतम (निवासी मंडन दीपुर, नेपाल) को गिरफ्तार किया गया है। आरोपी के अनुसार, वह यह सामान दिल्ली ले जा रहा था।
अधिकारियों का बयान
कस्टम अधीक्षक अनिल कुमार सिंह ने बताया कि दोनों ट्रकों से बरामद माल को कस्टम एक्ट के तहत जब्त कर लिया गया है। फरार चालकों की तलाश की जा रही है और पूरे अंतरराष्ट्रीय तस्करी नेटवर्क की जांच शुरू कर दी गई है। इस संयुक्त कार्रवाई दल में सहायक कमांडेंट नीलेश संतोष मासुले, इंस्पेक्टर पंकज सिंह, इंस्पेक्टर कपूर सिंह, इंस्पेक्टर रमेश और चौकी प्रभारी सुरेश यादव शामिल रहे।