भारत भारी मेले की तैयारियां तेज: एसडीएम डुमरियागंज ने किया मेला क्षेत्र का निरीक्षण, 20 नवंबर को होगा भव्य उद्घाटन
📅 Published on: November 6, 2026
कपिलवस्तुपोस्ट
सिद्धार्थनगर:
कार्तिक पूर्णिमा के अवसर पर प्रसिद्ध तीर्थ सागर ‘भारत भारी’ में लगने वाले विशाल ऐतिहासिक एवं धार्मिक मेले की तैयारियां अब युद्धस्तर पर शुरू हो गई हैं। मेले के सफल और भव्य आयोजन को सुनिश्चित करने के लिए उपजिलाधिकारी (एसडीएम) डुमरियागंज विवेकानंद मिश्र ने अधिशासी अधिकारी व अन्य अधिकारियों के साथ मेला क्षेत्र का स्थलीय निरीक्षण किया और व्यवस्थाओं का जायजा लिया।
प्राचीन शंकर मंदिर और समतलीकरण कार्य का जायजा
निरीक्षण की शुरुआत में एसडीएम ने मेला परिसर स्थित प्राचीन शंकर जी मंदिर का जायजा लिया, जहां मेला प्रबंधन समिति द्वारा रंगाई-पुताई और मरम्मत का कार्य तेजी से चल रहा है। उन्होंने मौके पर मौजूद कर्मियों को निर्देश दिया कि मंदिर का सौंदर्यीकरण कार्य पूरी गुणवत्ता और शीघ्रता के साथ पूरा किया जाए, ताकि कार्तिक पूर्णिमा पर आने वाले लाखों श्रद्धालुओं को मंदिर का भव्य स्वरूप देखने को मिले।
इसके पश्चात, उन्होंने नगर पंचायत द्वारा मेला परिसर में कराए जा रहे भूमि समतलीकरण कार्य का निरीक्षण किया। उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए कि परिसर के सभी गड्ढों को भरकर पूरी तरह समतल किया जाए, जिससे दुकानदारों को दुकानें लगाने और श्रद्धालुओं को आवागमन में किसी प्रकार की असुविधा न हो। साथ ही, जलभराव की समस्या से निपटने के लिए उचित जल निकासी और नालियों की व्यवस्था सुनिश्चित करने को कहा गया।
लाखों श्रद्धालुओं के आगमन को लेकर सुरक्षा और सुविधाओं पर जोर
एसडीएम विवेकानंद मिश्र ने कहा कि भारत भारी मेला केवल डुमरियागंज ही नहीं, बल्कि पूरे पूर्वांचल का एक प्रमुख धार्मिक और सांस्कृतिक केंद्र है। यहां कार्तिक पूर्णिमा के पावन पर्व पर लाखों श्रद्धालु तीर्थ सागर में पवित्र स्नान करने और भगवान शिव के दर्शन के लिए पहुंचते हैं। इसे ध्यान में रखते हुए मेले में साफ-सफाई, शुद्ध पेयजल, अस्थायी शौचालय, बेहतर प्रकाश व्यवस्था, पार्किंग और चाक-चौबंद सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए जा रहे हैं। उन्होंने ईओ को निर्देशित किया कि मेला क्षेत्र में जगह-जगह कूड़ेदान रखवाए जाएं और नियमित सफाई सुनिश्चित हो।
कब है उद्घाटन और मुख्य मेला?
मेले का पारंपरिक उद्घाटन: दिनांक 20 नवंबर (एकादशी) को एक भव्य समारोह के साथ किया जाएगा।
मुख्य अतिथि: जिलाधिकारी एवं पुलिस अधीक्षक, सिद्धार्थनगर।
मुख्य मेला / स्नान पर्व: दिनांक 24 नवंबर (कार्तिक पूर्णिमा) को आयोजित होगा।


