चेयरमैन और इ ओ ने बांसी माघ मेले में व्यवस्थाओं का लिया जायजा

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बांसी सिद्धार्थनगर । नगर से सट कर बहने वाली अचिरावती के तट पर लगने वाला बांसी माघ मेला दिन-ब-दिन अपने शबाब पर होता जा रहा है। मेले में गांव देहात क्या शहर तक की भीड़ उमड़ रही है । भीड़ को देखते हुए पुलिस प्रशासन भी काफी मुस्तैद हो चुका है।8 फरवरी को उद्घाटित हुए इस एक माह तक के मेले का 20 मार्च को समापन हो जाएगा ।

उद्घाटन से अब 5 दिनों से मेले में लोग उमड़ने लगे तो शुरुआत से निराश दुकानदारों व शो-मैनों के चेहरे पर मुस्कान आ गई है । मेले में आसपास गांव के ही नहीं बल्कि खलीलाबाद, मेहदावल, खेसरहा, रुधौली ,डुमरियागंज, इटवा ,शोहरतगढ़ व सिद्धार्थनगर तहसील के गांव से भी मेलार्थि पहुंच रहे हैं ।

नगरपालिका अध्यक्ष चमन आरा व अधिशासी अधिकारी मुकेश कुमार अपने नपा कर्मियों के साथ सुबह-शाम मेले पर निगाह जमाए रख रहे हैं। किसी को भी किसी प्रकार की दिक्कत ना हो इसके लिए उनकी मुस्तैदी काफी सराही जा रही है ।

उधर मेले में लगे स्वास्थ्य कैंप पर मौजूद चिकित्सक डॉक्टर रक्सा मुमताज ,फार्मासिस्ट आनंद प्रकाश त्रिपाठी, स्टाफ नर्स किरन, वाटव्याय प्रदीप श्रीवास्तव अपने टीम के साथ मुस्तैदी से डटे हैं ।

भीड़ बढ़ने से जेबकतरों व उचक्कों की चहलकदमी भी मेला परिसर में बढ़ गई है। पुलिस चौकी के प्रभारी आनंद कुमार अपने पुलिस के जवानों के साथ मेले के चप्पे-चप्पे पर निगाह जमाए हुए हैं । अभी तक 8 जेब कतरों को उनके मंसूबे में नाकाम करते हुए जेल भेजा जा चुका है ।

मौत के कुएं में महिला दिखा रही करतब माघ मेले में लगे मौत के कुएं में फर्राटे से मोटरसाइकिल दौड़ाती महिला कई करतब दिखा रही है, जिस देख दर्शक दांतों तल उंगली दबा रहे हैं। परिवार का पेट पालने के लिए जोखिम उठा रही मेरठ निवासी गुडिय़ा बताती हैं कि उसका पति एवं दो बेटे इसी कारोबार से जुड़े हैं।

वह अपने तीसरे बेटे को भी इसका प्रशिक्षण दे रही हैं। मौत के कुएं में तेज रफ्तार से मोटरसाइकिल चलाते हुए जब वह ऊपर के घेरे तक आती है और लोगों के हाथों से ईनाम लेती हैं, तो अच्छा लगता है। मेले में मौत का कुआं नामक सर्कस में सबसे अधिक भीड़ जहां हो रही है वहीं खजला व्यवसाई लटूर ¨सह के दुकान पर खाजा की बिक्री भी काफी हो रही है।

वहीं बाम्बे सम्राट थियेटर नृत्यों को देख कर लोग आनंद उठा रहे वही बाले के झूले का भी दर्शक खूब आनंद उठा रहे हैं।