📅 Published on: July 18, 2025
गुरु जी की कलम से
बढ़नी, सिद्धार्थनगर।
भारत-नेपाल सीमा पर तैनात एसएसबी की सतर्कता ने एक बार फिर मानव तस्करी के प्रयास को विफल कर दिया। गुरुवार देर शाम सीमा पर स्थित कृष्णानगर चेक पोस्ट पर 50वीं वाहिनी की “सी” समवाय टीम ने एक संदिग्ध नाबालिग लड़की को नेपाल से भारत लाए जाने के दौरान रोका। पूछताछ में लड़की ने खुलासा किया कि उसे एक व्यक्ति भारत ले जा रहा था, लेकिन रास्ते में छोड़कर फरार हो गया।
लड़की की पहचान काजल कुमारी, पिता दिलीप बिंद, उम्र लगभग 17 वर्ष, निवासी ग्राम छुटकी डिंडा बक्सरी, थाना कृष्णगंज, जिला बक्सर (बिहार) के रूप में हुई है। पूछताछ में उसने बताया कि वह गुजरात में अपने मम्मी-पापा से मिलने जा रही थी, लेकिन उनके बारे में कोई ठोस जानकारी नहीं दे सकी।
चेकिंग के दौरान उसके पास केवल नेपाली मुद्रा के 50 रुपये और कोई वैध पहचान पत्र नहीं मिला, जिससे सुरक्षा बलों का संदेह और गहरा गया। इसके बाद एसएसबी टीम ने उसे अपनी सुरक्षा में लेते हुए एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग यूनिट के समन्वय से विधिक प्रक्रिया पूरी की।
एसएसबी के सहायक कमांडेंट उमेश जाधव ने जानकारी दी कि संयुक्त टीम ने समय रहते कार्रवाई कर लड़की को सुरक्षित बचा लिया और आगे की देखरेख एवं पुनर्वास की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। उन्होंने कहा कि इस सतर्कता से एक मासूम की जिंदगी अंधकार में जाने से बचाई जा सकी।
इस पूरे अभियान में सहायक उपनिरीक्षक दीप गोगोई, पंकज केआर सिंह, सुबाश चंद, तेजवीर सिंह, विक्रम सिंह, सानोज कुमार, प्रियंका भारती, और के मुरु नाली एम जैसे जांबाज जवानों की अहम भूमिका रही।