📅 Published on: April 17, 2026
kapilvastupost
सिद्धार्थनगर: सदर थाना क्षेत्र के शास्त्रीनगर मोहल्ले में धोखाधड़ी का एक बड़ा मामला सामने आया है। एक व्यक्ति को निजी अस्पताल बनाने के लिए जमीन दिलाने का झांसा देकर ₹42.18 लाख की ठगी की गई है। पुलिस ने इस मामले में पांच आरोपियों के खिलाफ जालसाजी और जान से मारने की धमकी देने की धाराओं में केस दर्ज कर लिया है।
क्या है पूरा मामला?
पीड़ित रमेश चंद्र द्विवेदी (निवासी शास्त्रीनगर) अपनी सेवानिवृत्ति के बाद मिली धनराशि और कर्ज लेकर एक निजी अस्पताल बनाना चाहते थे। इसके लिए वह पिछले चार वर्षों से आरोपियों—बृजेश त्रिपाठी, उनकी पत्नी वंदना त्रिपाठी, अनिल अग्रहरि, गोलू अग्रहरि और सुरेंद्र वरुण—के संपर्क में थे।
आरोपियों ने रमेश चंद्र को अलग-अलग स्थानों पर जमीन दिखाई और फर्जी दस्तावेज दिखाकर उनका विश्वास जीता। जमीन का सौदा तय होने के बाद, आरोपियों ने अलग-अलग किस्तों में कुल ₹42.18 लाख (खाते और नकद माध्यम से) हड़प लिए। जब पीड़ित ने रजिस्ट्री के लिए दबाव बनाया, तो आरोपी बहानेबाजी करने लगे।
फर्जी चेक और धमकी का आरोप
जब पीड़ित ने अपनी रकम वापस मांगी, तो आरोपियों ने उन्हें चेक दिए, जो बैंक में बाउंस हो गए। आरोप है कि पैसे वापस मांगने पर आरोपियों ने रमेश चंद्र द्विवेदी और उनकी पुत्री को जान से मारने की धमकी दी। इतना ही नहीं, उनकी पुत्री पर हमला भी किया गया जिससे वह घायल हो गई।
पुलिस की कार्रवाई
सदर पुलिस ने तहरीर के आधार पर पांचों नामजद आरोपियों के खिलाफ धोखाधड़ी, मारपीट और धमकी देने का मामला दर्ज किया है। थाना प्रभारी (एसओ) मिथलेश राय ने बताया कि मामले की गहनता से छानबीन की जा रही है और दोषियों के खिलाफ सख्त विधिक कार्रवाई की जाएगी।