📅 Published on: May 28, 2026
Kapilvastupost
शोहरतगढ/सिद्धार्थ नगर
धान की नर्सरी लगाने के इस बेहद महत्वपूर्ण समय में खाद की किल्लत को लेकर किसानों की परेशानी बढ़ गई है। इस गंभीर मुद्दे पर शोहरतगढ़ के विधायक विनय वर्मा ने प्रशासन का ध्यान आकर्षित करते हुए सीधे जिला अधिकारी (डीएम) को पत्र लिखा है। विधायक ने क्षेत्र में खाद की बिक्री पर लगी कथित रोक को तुरंत हटाने और किसानों को समय से डीएपी (DAP) व यूरिया उपलब्ध कराने की मांग की है।
विधायक विनय वर्मा का आरोप: बंद हैं दुकानें, नेपाल तस्करी पर लगे लगाम
बुधवार को डीएम को भेजे गए पत्र में विधायक विनय वर्मा ने कहा कि क्षेत्र के सैकड़ों किसान लगातार यह शिकायत कर रहे हैं कि खाद की दुकानों पर बिक्री बंद है। धान की नर्सरी लगाने का सीजन चल रहा है, लेकिन सहकारी समितियों और दुकानों पर डीएपी व यूरिया नहीं मिल पा रहा। दुकानदार इसके पीछे ‘उच्च स्तर से बिक्री पर रोक’ का हवाला दे रहे हैं।
विधायक ने पत्र में दो प्रमुख मांगें और चेतावनियां रखी हैं:
*तस्करी पर प्रभावी रोक:* खाद की अवैध तरीके से नेपाल होने वाली तस्करी को रोका जाए। इसके लिए सीमा पर तैनात सुरक्षा एजेंसियों और पुलिस के बीच बेहतर समन्वय स्थापित कर प्रभावी निगरानी की जाए।
*किसानों का उत्पीड़न न हो:* तस्करी रोकने के नाम पर स्थानीय किसानों को अनावश्यक रूप से परेशान न किया जाए। किसानों को उनकी खतौनी के अनुसार उचित दर पर खाद दी जाए ताकि खेती प्रभावित न हो।
कृषि विभाग का दावा: कोई प्रतिबंध नहीं, पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध है खाद
दूसरी तरफ, खाद की किल्लत और बिक्री पर रोक की चर्चाओं के बीच कृषि विभाग ने अपनी स्थिति स्पष्ट की है। विभाग का दावा है कि जनपद में खाद की बिक्री पर किसी भी तरह का कोई प्रतिबंध नहीं लगाया गया है। किसानों को उनकी जरूरत के मुताबिक खाद उपलब्ध कराई जा रही है।
जिला कृषि अधिकारी कार्यालय द्वारा जारी प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार:
*पर्याप्त स्टॉक:* सहकारी समितियों और निजी केंद्रों पर यूरिया, डीएपी, एनपीके, एमओपी और एसएसपी पर्याप्त मात्रा में मौजूद है।
*खरीद की प्रक्रिया:* किसान अपनी आवश्यकता के अनुसार नजदीकी उर्वरक केंद्र से खतौनी, फार्मर रजिस्ट्री या सहकारी समिति की सदस्यता पासबुक के आधार पर खाद खरीद सकते हैं।
*पारदर्शिता के लिए PoS मशीन:* सभी अधिकृत विक्रेताओं को निर्देश दिया गया है कि खाद की बिक्री केवल पीओएस (PoS) मशीन के जरिए ही की जाए और वितरण रजिस्टर में किसानों का पूरा विवरण दर्ज हो।
कालाबाजारी और ओवररेटिंग करने वालों पर होगी सख्त कार्रवाई
जिला कृषि अधिकारी रवि शंकर पांडेय और एआर कोऑपरेटिव प्रकाश बहादुर गौतम ने सख्त लहजे में चेतावनी दी है कि यदि किसी भी केंद्र या दुकानदार द्वारा अधिक दर (ओवररेटिंग) पर उर्वरक बेचने या गैर-अनुदानित उत्पादों की टैगिंग (जबरन दूसरा सामान देने) की शिकायत मिलती है, तो उनके खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।