सिद्धार्थ नगर – आधार कार्ड में फर्जीवाड़ा कर रहे माफिया बेखौफ, प्रशासन मौन – आखिर कब होगी सख्त कार्रवाई?

Kapilvastupost

देश की पहचान का सबसे मजबूत दस्तावेज माने जाने वाले आधार कार्ड को लेकर सिद्धार्थनगर जनपद में गंभीर फर्जीवाड़ा सामने आ रहा है। बायोमेट्रिक और जनसांख्यिकीय डेटा से जुड़े होने के बावजूद भी जिले में कुछ शातिर कारोबारी और माफिया तत्व बेधड़क तरीके से फर्जी आईडी प्रूफ के आधार पर आधार कार्ड बनाने और संशोधित करने का गोरखधंधा चला रहे हैं।

सूत्रों की मानें तो जिले के शोहरतगढ़, बांसी, डुमरियागंज, इटवा समेत विभिन्न कस्बों और चौराहों पर आधार कार्ड सेन्टर की आड़ में अवैध धंधा किया जा रहा है। इन सेंटरों पर खुलेआम उपभोक्ताओं से मोटी रकम वसूली जा रही है। इटवा कस्बे के डुमरियागंज रोड स्थित एक एसबीआई शाखा के समीप संचालित ग्राहक सेवा केन्द्र पर एक मास्टरमाइंड द्वारा उपभोक्ताओं से आधार संशोधन के नाम पर बीस से चालीस हजार रुपये तक वसूले जाने की शिकायतें मिल रही हैं।

नाम न छापने की शर्त पर एक स्थानीय निवासी ने बताया कि जब उपभोक्ता विरोध करता है, तो वह व्यक्ति खुलेआम चुनौती देता है – “कहीं भी शिकायत कर दो, कोई फर्क नहीं पड़ेगा।”

इससे यह स्पष्ट होता है कि इन माफियाओं को किसी प्रशासनिक कार्रवाई का भय नहीं है। जबकि हाल ही में प्रशासन द्वारा सभी आधार केंद्र संचालकों को चेतावनी दी गई थी कि किसी भी प्रकार की अनियमितता बर्दाश्त नहीं की जाएगी। बावजूद इसके, फर्जीवाड़ा करने वाले सक्रिय हैं और बेखौफ होकर गरीब व आमजन को लूटने में लगे हैं।

जब इस विषय में उप जिलाधिकारी इटवा से संपर्क किया गया, तो उन्होंने संक्षेप में कहा, “मैं मीटिंग में हूं,” और फोन काट दिया। प्रशासन की यह चुप्पी भी सवालों के घेरे में है।

अब बड़ा सवाल यही है कि जब आधार जैसा संवेदनशील दस्तावेज सुरक्षित नहीं है, तो नागरिकों की पहचान और गोपनीयता की सुरक्षा कौन करेगा?
और आखिरकार प्रशासन कब जागेगा, और इन माफियाओं पर कार्रवाई होगी?