📅 Published on: August 31, 2025
Kapilvastupost
सिद्धार्थ नगर : सिद्धार्थ नगर में अपर सत्र न्यायाधीश (कक्ष संख्या-1) मोहम्मद रफी ने आत्महत्या के लिए उकसाने के तीन आरोपियों को दोषी मानते हुए पांच-पांच साल के कठोर कारावास की सजा सुनाई है। इसके साथ ही, अदालत ने तीनों पर 10-10 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया।
यह मामला 2021 में भवानीगंज थाने में दर्ज किया गया था। अंकुर (भरतलाल का पुत्र), प्रीति (भरतलाल की पुत्री) और भरतलाल (भगवती प्रसाद के पुत्र) – सभी गौरा चौकी, थाना खोड़ारे, जनपद गोण्डा के निवासी थे। इन पर धारा 306 (आत्महत्या के लिए उकसाना), 201 (सबूत मिटाना), 504 (जानबूझकर अपमान करना) और 506 (आपराधिक धमकी) के तहत केस दर्ज किया गया था।
लंबी सुनवाई के बाद, अपर सत्र न्यायाधीश ने पाया कि आरोपियों के खिलाफ लगाए गए आरोप सही हैं। इस फैसले के बाद, तीनों दोषियों को पांच-पांच साल की कैद और 10-10 हजार रुपये का जुर्माना भरने का आदेश दिया गया।
इस मामले में शासन की ओर से अपर जिला शासकीय अधिवक्ता चंद्र प्रकाश पाण्डेय ने पैरवी की। यह फैसला समाज में यह संदेश देता है कि आत्महत्या के लिए उकसाने जैसे गंभीर अपराधों को हल्के में नहीं लिया जाएगा और दोषियों को सख्त सजा मिलेगी।