बढ़नी क्षेत्र पंचायत की बैठक में हंगामा, सदस्यों ने लगाए अनदेखी के आरोप

Team kapilvastupost
बढ़नी,सिद्धार्थनगर। विकास खंड बढ़नी क्षेत्र पंचायत की बैठक शनिवार 22मार्च 2025 को भारी हंगामे के बीच संपन्न हुई। बैठक शुरू होते ही क्षेत्र पंचायत सदस्यों ने जोरदार विरोध प्रदर्शन किया और प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाए। उनका कहना था कि पिछली बैठक में पारित प्रस्तावों पर कोई अमल नहीं हुआ, जिससे विकास कार्य ठप पड़े हैं। सदस्यों ने वित्तीय वर्षों में आवंटित धनराशि का विवरण न मिलने और पिछले वित्तीय वर्ष 2024-25 में कराए गए कार्यों की जानकारी न देने पर भी रोष व्यक्त किया। इसी बीच, बिना किसी संतोषजनक चर्चा के ही नए बजट को पारित करने की कोशिश की गई, जिससे नाराजगी और बढ़ गई।

बैठक में मौजूद सदस्यों ने इस बात पर भी ऐतराज जताया कि पिछली बैठक का भत्ता अब तक नहीं मिला है। उन्होंने कहा कि जब तक उनके सवालों के स्पष्ट जवाब नहीं दिए जाते और विकास कार्यों की समीक्षा नहीं होती, तब तक बैठक आगे नहीं बढ़ेगी। हंगामे के कारण बैठक में अव्यवस्था फैल गई, और माहौल तनावपूर्ण हो गया। प्रशासनिक अधिकारियों की चुप्पी और लापरवाही ने सदस्यों की नाराजगी को और भड़का दिया।

इस बीच, शोहरतगढ़ के विधायक विनय वर्मा बैठक में खड़े होकर बोल रहे थे, तभी भारी संख्या में क्षेत्र पंचायत सदस्य आगे बढ़कर अपनी शिकायतें रखने लगे।

सदस्यों ने विकास कार्यों में अनदेखी, बजट की अस्पष्टता और अधिकारियों की लापरवाही को लेकर नाराजगी जताई। विधायक विनय वर्मा ने इन शिकायतों को गंभीरता से सुना और आश्वासन दिया कि वे इस मामले को पूरी गंभीरता से लेंगे।

विधायक ने अधिकारियों को फटकार लगाते हुए कहा कि जनप्रतिनिधियों के अधिकारों की अनदेखी किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि लंबित प्रस्तावों को प्राथमिकता दी जाए और किसी भी विकास कार्य में देरी न की जाए। उन्होंने यह भी कहा कि क्षेत्र पंचायत के सदस्यों को सम्मान मिलना चाहिए और उनकी बातें अनसुनी नहीं की जानी चाहिए।

बैठक में शोहरतगढ़ के तेजतर्रार विधायक विनय वर्मा के अलावा सांसद प्रतिनिधि एसपी अग्रवाल, एमएलसी प्रतिनिधि पवन मिश्रा, ब्लॉक प्रमुख मीनाक्षी चौधरी, पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष साधना चौधरी, मंडल प्रभारी सिद्धार्थशंकर पाठक, प्रदीप कमलापुरी, भाजपा नेता राजेश उर्फ पप्पू पाठक, प्रधान कमलेश उर्फ रिंकू चौधरी, अब्दुल करीम, तबरेज आलम, बबलू चौबे, यशोदानंद मिश्रा, राधेश्याम शर्मा, आशुतोष पांडेय, इरशाद अहमद, क्षेत्र पंचायत सदस्य मंगेश यादव, उमेश यादव, अब्दुल बासित, शैलेश पांडेय सहित कई अधिकारी, कर्मचारी और प्रतिनिधि मौजूद रहे।

विधायक के हस्तक्षेप से हंगामा कर रहे क्षेत्र पंचायत सदस्य शांत हुए और बैठक का माहौल धीरे-धीरे सामान्य हुआ। उनकी सक्रियता से सदस्यों को यह भरोसा मिला कि उनकी शिकायतों को गंभीरता से लिया जाएगा और उनकी समस्याओं का समाधान होगा। अब देखने वाली बात यह होगी कि प्रशासन इन वादों को कितनी जल्दी हकीकत में बदलता है।