डुमरियागंज के हैदर अली का कमाल: विश्व स्तर पर मिला एआई पेटेंट, भारत का नाम

नियमतुल्लाह खान 

स्थानीय क्षेत्र के हल्लौर गाँव निवासी और युवा वैज्ञानिक हैदर अली रिजवी ने कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई) संचालित उपकरण के लिए अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पेटेंट प्राप्त कर क्षेत्र का नाम गौरवान्वित किया है। यह उपलब्धि केवल 24 वर्ष की आयु में हासिल कर हैदर ने न सिर्फ अपने गाँव बल्कि पूरे भारत को गर्व का अवसर दिया है।

हैदर अली को यह पेटेंट एक मोबाइल सिक्योरिटी डिवाइस के लिए मिला है, जिसमें एआई के माध्यम से सटीक और सुरक्षित पहचान की जा सकती है। इस तकनीक से स्मार्टफोन और डिजिटल डिवाइसेज़ की सुरक्षा को नई मजबूती मिलेगी।

गौरतलब है कि हैदर के पिता डॉ. एस. एम. हैदर रिजवी पूर्व क्षेत्रीय अधिकारी रहे हैं और परिवार का नाम शिक्षा, समाजसेवा और विज्ञान के क्षेत्र में रौशन रहा है। हैदर की इस सफलता पर पूरे हल्तौर, दुमरियागंज और आसपास के क्षेत्रों में हर्ष का माहौल है।

परिजनों, शिक्षकों और गाँव वासियों ने हैदर को क्षेत्र का गौरव बताते हुए उनके उज्जवल भविष्य की कामना की है।

क्षेत्र के सीनियर पत्रकारों, समाजसेवियों एवं शिक्षकों ने कहा कि हैदर की उपलब्धि आने वाली पीढ़ियों के लिएप्रेरणास्त्रोत है।