📅 Published on: January 4, 2026
Kapilvastupost
शोहरतगढ़ (सिद्धार्थनगर): भारत-नेपाल सीमा पर सुरक्षा एजेंसियों की सख्ती के बावजूद खाद की तस्करी थमने का नाम नहीं ले रही है। ताजा मामले में 43वीं वाहिनी सशस्त्र सीमा बल (SSB) की सीमा चौकी कोटिया और धनौरा के जवानों ने बड़ी कार्रवाई करते हुए भारी मात्रा में यूरिया खाद बरामद की है। इस मामले में दो आरोपियों को हिरासत में लिया गया है।
पहली कार्रवाई: महथा गांव के रास्ते जा रही थी यूरिया की खेप
एसएसबी के जवानों को सूचना मिली थी कि महथा गांव के रास्ते पिकअप के जरिए खाद की तस्करी होने वाली है। घेराबंदी के दौरान जवानों ने एक पिकअप को रोका, जिसमें 60 बोरी यूरिया लदी हुई थी।
पकड़ा गया आरोपी: शौकत अली (पुत्र चौधरी), निवासी- महथा, थाना शोहरतगढ़।
* बरामदगी: 60 बोरी यूरिया खाद और तस्करी में प्रयुक्त पिकअप।
दूसरी कार्रवाई: बाइक से तस्करी कर रहा था नेपाली नागरिक
उधर, सीमा चौकी धनौरा और स्थानीय पुलिस की संयुक्त टीम ने भी गश्त के दौरान एक संदिग्ध बाइक सवार को रोका। जांच करने पर बाइक पर लदी 3 बोरी यूरिया बरामद हुई।
पकड़ा गया आरोपी: राम किशोर (पुत्र बच्चू लाल चौहान), निवासी- चौहट्टा, जिला कपिलवस्तु (नेपाल)।
* बरामदगी: 3 बोरी यूरिया और एक बाइक।
बड़ा सवाल: कृषि अधिकारी पर गाज गिरने के बाद भी क्यों नहीं रुक रही तस्करी?
इस बड़ी बरामदगी ने विभाग और स्थानीय प्रशासन की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
सवाल यह है कि जिला कृषि अधिकारी को सस्पेंड किए जाने जैसी कड़ी कार्रवाई के बावजूद तस्कर इतने बेखौफ कैसे हैं? क्या जमीनी स्तर पर सिस्टम में अभी भी कोई बड़ी सेंध है जिसका फायदा ये तस्कर उठा रहे हैं?
बताते चलें कि लगातार हो रही बरामदगी से यह साफ है कि खाद माफियाओं के नेटवर्क अभी भी सीमावर्ती इलाकों में सक्रिय हैं, जिन्हें पूरी तरह ध्वस्त करना प्रशासन के लिए एक बड़ी चुनौती बना हुआ है।