📅 Published on: July 13, 2026
गुरु जी की कलम से
**सिद्धार्थनगर।** नेपाल के पहाड़ी क्षेत्रों में पिछले कई दिनों से हो रही मूसलाधार बारिश का सीधा असर अब उत्तर प्रदेश के सीमावर्ती इलाकों में दिखने लगा है। सिद्धार्थनगर जनपद के डुमरियागंज क्षेत्र से गुजरने वाली राप्ती नदी का जलस्तर तेजी से बढ़ रहा है, जिससे तटीय इलाकों में बाढ़ का खतरा मंडराने लगा है। मौसम विभाग के अनुमान के मुताबिक, यदि नेपाल के पहाड़ी इलाकों में बारिश का सिलसिला इसी तरह जारी रहा, तो आने वाले दिनों में राप्ती नदी का जलस्तर खतरे के निशान को पार कर सकता है।
प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद, तटवर्ती इलाकों में अलर्ट जारी
राप्ती नदी के बढ़ते जलस्तर को देखते हुए स्थानीय प्रशासन पूरी तरह सतर्क हो गया है। नदी के किनारे बसे गांवों और निचले इलाकों में रहने वाले लोगों के साथ-साथ किसानों को भी सुरक्षित स्थानों पर जाने और सतर्क रहने की सलाह दी गई है। बाढ़ चौकियों को एक्टिव कर दिया गया है और नदी के जलस्तर की प्रति घंटे निगरानी की जा रही है।
इन जिलों पर भी बढ़ सकता है दबाव
राप्ती नदी का उद्गम स्थल नेपाल में होने के कारण वहां होने वाली भारी बारिश का सीधा और त्वरित प्रभाव उत्तर प्रदेश के कई जिलों पर पड़ता है। यदि जलस्तर में बढ़ोतरी का यह सिलसिला जारी रहा, तो सिद्धार्थनगर के साथ-साथ पड़ोसी जिलों **बस्ती, संतकबीरनगर और गोरखपुर** के निचले इलाकों में भी बाढ़ जैसी स्थिति उत्पन्न हो सकती है।
प्रशासन ने जल पुलिस और राहत टीमों को अलर्ट मोड पर रहने के निर्देश दिए हैं ताकि किसी भी आपातकालीन स्थिति से समय रहते निपटा जा सके।