डुमरियागंज में 14 हजार वोट कटने का आरोप: सपा विधायक सय्यादा खातून ने खोला मोर्चा, आंदोलन की दी चेतावनी

निर्वाचन अधिकारियों को सौंपा ज्ञापन; पात्र मतदाताओं के नाम जोड़ने, पुराने BLO की बहाली और उच्चस्तरीय जांच की मांग

Kapilvastupost

**सिद्धार्थनगर:** डुमरियागंज विधानसभा क्षेत्र में मतदाता सूची के विशेष पुनरीक्षण अभियान को लेकर राजनीतिक सरगर्मी चरम पर पहुंच गई है। समाजवादी पार्टी (सपा) की स्थानीय विधायक **सय्यादा खातून** ने प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाते हुए दावा किया है कि पुनरीक्षण की आड़ में उनके क्षेत्र के लगभग **14 हजार वैध मतदाताओं के नाम मतदाता सूची से हटा दिए गए हैं।**
इस मामले को लेकर विधायक ने निर्वाचन अधिकारियों को एक औपचारिक ज्ञापन सौंपकर निष्पक्ष जांच की मांग की है।
विधायक की प्रमुख मांगें
सय्यादा खातून ने निर्वाचन विभाग के समक्ष निम्नलिखित मुख्य बिंदु रखे हैं:
पात्र मतदाताओं के नाम तुरंत जोड़े जाएं: जिन नागरिकों के नाम बिना किसी ठोस कारण या पूर्व सूचना के काटे गए हैं, उन्हें तत्काल मतदाता सूची में पुन: शामिल किया जाए ताकि कोई भी अपने संवैधानिक अधिकार से वंचित न रहे।
पुराने BLO की बहाली: पुनरीक्षण प्रक्रिया में पारदर्शिता बनाए रखने के लिए हटाए गए पुराने बीएलओ (BLO) को दोबारा तैनात किया जाए।
**उच्चस्तरीय जांच और कार्रवाई:** फर्जी तरीके से नाम काटने के इस पूरे प्रकरण की उच्चस्तरीय जांच कराई जाए और दोषी अधिकारियों/कर्मचारियों पर सख्त कार्रवाई हो।
#”सड़क से सदन तक करेंगे आंदोलन”
विधायक सय्यादा खातून ने कड़े शब्दों में चेतावनी देते हुए कहा: “यदि समय रहते हमारी मांगों पर संज्ञान नहीं लिया गया और पात्र मतदाताओं के नाम नहीं जोड़े गए, तो हजारों नागरिक अपने लोकतांत्रिक अधिकार से वंचित हो जाएंगे। समाजवादी पार्टी इस अन्याय के खिलाफ चुप नहीं बैठेगी—हम सड़क से लेकर विधानसभा के सदन तक लोकतांत्रिक तरीके से व्यापक आंदोलन करेंगे।”*
आगे क्या?
इस बड़े आरोप के बाद अब सभी की निगाहें निर्वाचन विभाग की कार्रवाई पर टिकी हैं। देखना यह होगा कि विभाग इन आरोपों की जांच के लिए क्या कदम उठाता है और सूची से हटाए गए 14 हजार नामों के संबंध में क्या निर्णय लिया जाता है।