📅 Published on: October 26, 2023
kapilvastupost
तुलसियापुर। जनपद सिद्धार्थनगर के एन एच 730 ढेबरूआ- शोहरतगढ मार्ग में अधिक दुर्घटना बहुल्य क्षेत्र स्थल का चिन्हांकन किया जाना बहुत आवश्यक है। इस बीच कुछ चर्चित स्थलों पर मौत का कारवां रुकने का नाम नहीं ले रहा है।
इसका सबसे बड़ा कारण है जिन मार्गो पर ये स्थल चिन्हित है लेकिन वहां पर सावधानी संकेतों का उल्लेख नहीं है। जिसके चलते प्रतिवर्ष सैकड़ों मार्ग दुर्घटनाएं होती है। जिसमें कई लोग असमय ही काल के गाल में समा जाते है।
तेज रफ्तार व घुमावदार रास्ते दुर्घटनाओं के वजह बन रहे है। इनमें सबसे अधिक दुर्घटनाएं ठंड में कोहरे के दौरान घटती है। जब जिम्मेदार विभाग अपने नियमों का निर्वाह न कर अंजान बना बैठा रहता है।
बढ़नी से सिद्धार्थनगर एन एच 730 मार्ग में दुर्घटना बाहुल्य स्थल चयनित किया जाना चाहिए। जहां आए दिन दुर्घटनाएं होती रहती है। इन सभी स्थलों पर न तो कोई साइन बोर्ड है, न स्पीड लिमिट और न ही रात व कोहरे के दौरान चमक दार लाइटों का प्रयोग नहीं किया गया है।
जिसके कारण अनजान राहगीर आएं दिन घटना का शिकार हो रहे है। ढेबरूआ से पिकौरा,तुलसियापुर चौराहा से खैरहनिया,झिंगहा से सिसवा बुजुर्ग,गणेशपुर चौराहा से झरुवा के बीच आए दिन दुघर्टना होती है।
हालही में मानिकौरा के सवि पासवान और अगले दिन सुबह में खुनियांव ब्लॉक के व्यक्ति का दुर्घटना में मौत हो गई है। इस प्रकार हर महीने में कही न कही दुर्घटना में मौत हो जाती है। ऐसे में जिम्मेदारों को उचित कदम उठाना चाहिए। जिससे दुर्घटना कम हो सकें।
इसको लेकर समाज सेवी सुनील केसी ने कुछ दिन शिकायत किया जिसे विभाग के कृते अधिशाषी अभियंता ने पत्र के माध्यम से जानकारी दीया। उसमें कहा गया है कि ढेबरूआ शोहरतगढ़ मार्ग दुर्घटना बाहुल्य क्षेत्र स्थल का चिन्हांकन किया जाना आवश्यक है।
उक्त मार्ग के देबरूआ से पिकौरा, तुलसियापुर चौराहा से खैरहनिया, झिंगहा से सिसवा बुजुर्ग, गणुशेपुर चौराहा से झरूआ के बीच घुमावदार मोड़ पर सांकेतिक बोर्ड, साइन बोर्ड, स्पीड लिमिट और स्पीड ब्रेकर न होने के कारण दुर्घटनाएं हो चुकी हैं।
अधिशाषी अभियंता सिद्धार्थनगर को निर्देशित किया जाता है कि तत्काल उपरोक्त वर्णित स्थलों का विस्तृत सर्वेक्षण कर आवश्यक सांकेतिक बोर्ड साइन बोर्ड, स्पीड लिमिट और स्पीड ब्रेकर इत्यादि लगवाकर कार्यालय को अवगत कराने का कष्ट करें।