📅 Published on: March 28, 2024
Kapilvastupost
सिद्धार्थनगर – उच्चतमन्यायालय द्वारा इलेक्टोरल बांड पर दिये गये फैसले व इनकम टैक्स विभाग द्वारा कांग्रेस पार्टी के फ्रीज कर दिये गये खाते के संबंध में आज़ जिला कांग्रेस कार्यालय पर कांग्रेस जिलाध्यक्ष काजी सुहेल अहमद ने पत्रकार वार्ता की।
पत्रकार वार्ता में कांग्रेस जिलाध्यक्ष काजी सुहेल अहमद ने कहा कि जनवरी 2018 में मोदी सरकार द्वारा लाये गये इलेक्टोरल बांड को माननीय उच्चतम न्यायालय ने असंवैधानिक घोषित कर दिया।
कांग्रेस पार्टी ने इस चुनावी बांड को लाये जाते समय ही विरोध किया था और पहले ही कह दिया था कि इलेक्टोरल बांड आने वाले समय में बहुत बड़ा घोटाला साबित होगा जिसकी पुष्टि माननीय सुप्रीम कोर्ट ने बांड को असंवैधानिक घोषित कर कर दिया है।
तथाकथित ईमानदार मोदी सरकार ने चंदा दो धंधा लो से आम जनता का कई हजार करोड़ रुपया अपने कार्पोरेट मित्रों के माध्यम से लूटा है।
इलेक्टोरल बांड आजाद भारत का सबसे बड़ा घोटाला है। इस घोटाले को अंजाम देने के लिए आम जनता की जान की भी परवाह नहीं की गई जिसको समझने के लिए हमें मोदी सरकार में बनाए गए पुल व सड़क को धंसते हुए देखा होगा।कोरोना में लगाई गई वैक्सीन एवं दवाओं व उपकरणों को सप्लाई करने वाली कंपनियों ने चंदा देकर धंधा लिया।
काजी सुहेल अहमद ने कांग्रेस पार्टी के सीज कर दिए गये खाते को लेकर बताया कि पार्टी के पूर्व अध्यक्ष स्वर्गीय सीताराम केसरी व पूर्व कोषाध्यक्ष स्वर्गीय मोतीलाल बोरा के समय की किसी त्रुटि पर पार्टी का खाता चुनावी समय में फ्रीज कर दिया गया है और पार्टी फंड में जमा करोड़ों रुपए इन्कमटैक्स द्वारा काटकर सरकार के खजाने में जमा कर दिया गया है।
सरकार का यह कृत्य लोकतंत्र विरोधी है। मोदी सरकार आगामी चुनाव के परिणाम को लेकर बहुत डरी हुई है और सरकार जाने के भय से से देश से लोकतंत्र को ही खत्म कर देना चाहती है।
लेकिन देश की जागरुक जनता आने वाले चुनाव में केन्द्र की भाजपा सरकार को सत्ता से हटाने के लिए तैयार खड़ी है और देश की महान जनता उसका जवाब अपने वोट के माध्यम से इनके कृत्य पर चोट करके इस तानाशाह सरकार को जरूर देगी।