📅 Published on: March 16, 2025
Kapilvastupost
खेसरहा (सिद्धार्थनगर), सिद्धार्थनगर जिले के खेसरहा थाना क्षेत्र में शनिवार को एक दर्दनाक हादसा हो गया। बजरंग चौराहे पर स्थित एक अर्द्धनिर्मित और जर्जर मकान का छज्जा अचानक गिरने से तीन बच्चे मलबे में दब गए। इस घटना में दो बच्चों की मौत हो गई, जबकि एक बच्चे का निजी अस्पताल में इलाज चल रहा है।
कैसे हुआ हादसा?
खेसरहा थाना क्षेत्र के कड़जा गांव निवासी राजू और संतकबीरनगर जिले के बखिरा थाना क्षेत्र स्थित बजही गांव निवासी वीरेंद्र का बजरंग चौराहे पर एक पुराना मकान है। वहीं, गोरखपुर जिले के कैम्पियरगंज थाना क्षेत्र स्थित इंद्रपुर गांव के निवासी विनय कुमार, जो खेसरहा के सेखुई गांव में सफाई कर्मचारी हैं, बजरंग चौराहे पर किराए के मकान में रहते थे।
चौराहे पर ही सदरे आलम नामक व्यक्ति का अर्द्धनिर्मित मकान है, जिसकी दीवारें खड़ी थीं और एक पुराना छज्जा लगा था, जो काफी जर्जर हो चुका था।
शनिवार की देर शाम विनय कुमार के बेटे आयुष राज (12), राजू के बेटे साहिल (13) और वीरेंद्र के बेटे पीयूष (10) उसी मकान के पास क्रिकेट खेल रहे थे। खेल के दौरान उनकी गेंद छज्जे पर चली गई। जब एक बच्चा गेंद उतारने के लिए छज्जे पर चढ़ा, तो अचानक वह गिर पड़ा, जिससे तीनों बच्चे मलबे के नीचे दब गए।
मौके पर मची चीख-पुकार
हादसे के बाद मौके पर हड़कंप मच गया। आसपास के लोगों ने दौड़कर मलबे में दबे बच्चों को बाहर निकाला। इस दौरान साहिल की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि गंभीर रूप से घायल आयुष राज को खेसरहा सीएचसी ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। वहीं, पीयूष को एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उसका इलाज जारी है।
पुलिस ने शव परिजनों को सौंपे
घटना की सूचना मिलते ही थानाध्यक्ष चंदन कुमार पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने दोनों मृत बच्चों के शवों को पोस्टमार्टम के बाद परिजनों को सौंप दिया।
लापरवाही बनी मौत की वजह!
स्थानीय लोगों का कहना है कि मकान की हालत पहले से ही जर्जर थी, लेकिन इसके बावजूद इसे तोड़ा नहीं गया, जिससे यह हादसा हुआ। इस दर्दनाक घटना के बाद क्षेत्र में मातम पसरा हुआ है, और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।