📅 Published on: February 7, 2026
Kapilvastupost
सिद्धार्थनगर, 07 फरवरी 2026 – शासन की मंशा के अनुरूप जनसमस्याओं के त्वरित निस्तारण के लिए आज तहसील शोहरतगढ़ में जिलाधिकारी शिवशरणप्पा जी.एन. की अध्यक्षता में ‘सम्पूर्ण तहसील समाधान दिवस’ संपन्न हुआ। इस अवसर पर जिलाधिकारी ने अधिकारियों को स्पष्ट चेतावनी दी कि शिकायतों के निस्तारण में गुणवत्ता से कोई समझौता नहीं किया जाएगा।
मौके पर जांच और गुणवत्तापूर्ण निस्तारण पर जोर
समाधान दिवस के दौरान जिलाधिकारी ने पिछले कार्यक्रमों में प्राप्त शिकायतों की समीक्षा की। उन्होंने भूमि विवादों के संदर्भ में निर्देश दिया कि अधिकारी केवल कागजी कार्रवाई न करें, बल्कि मौके पर जाकर दोनों पक्षों की मौजूदगी में जांच कर समस्या का समाधान करें। जिलाधिकारी ने लेखपालों और कानूनगो को विशेष रूप से ‘भूमि संपत्ति रजिस्टर’ और ‘भूमि विवाद रजिस्टर’ अनिवार्य रूप से तैयार रखने के निर्देश दिए।
लंबित शिकायतों पर सख्त रुख
जिलाधिकारी ने सख्त लहजे में कहा, “आईजीआरएस और तहसील दिवस की कोई भी शिकायत लंबित नहीं रहनी चाहिए। यदि किसी विभाग की लापरवाही सामने आई, तो संबंधित अधिकारी के विरुद्ध कठोर दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी।” उन्होंने जिला स्तरीय टीम गठित कर तत्काल मौके पर जांच करने के आदेश भी दिए।
शिकायतों का विवरण
आज के समाधान दिवस में कुल 56 प्रार्थना पत्र प्राप्त हुए, जिनका विवरण निम्नवत है:
* राजस्व: 44 (06 का मौके पर निस्तारण)
* पुलिस विभाग: 02
* विद्युत: 02
* कृषि: 02
* नगर पंचायत: 02
* अन्य (विकास, शिक्षा, पूर्ति, जलनिगम): 04
राजस्व विभाग के 6 मामलों का मौके पर ही निस्तारण कर दिया गया, जबकि शेष 50 शिकायतों को संबंधित विभागों को भेजते हुए तीन कार्यदिवस के भीतर शत-प्रतिशत निस्तारण सुनिश्चित करने का समय दिया गया है।
इस दौरान कार्यक्रम में उपजिलाधिकारी शोहरतगढ़ विवेकानन्द मिश्र, क्षेत्राधिकारी मयंक द्विवेदी, उपकृषि निदेशक राजेश कुमार, जिला पूर्ति अधिकारी देवेन्द्र प्रताप सिंह सहित तहसीलदार, खण्ड विकास अधिकारी और सभी थानाध्यक्ष उपस्थित रहे।