📅 Published on: February 21, 2026
Kapilvastupost
सिद्धार्थनगर: कपिलवस्तु कोतवाली क्षेत्र के मदरहना उर्फ रामनगर गांव में बीते 14 फरवरी को हुई मारपीट में गंभीर रूप से घायल संतोष कुमार की गुरुवार देर शाम गोरखपुर मेडिकल कॉलेज में इलाज के दौरान मौत हो गई। मौत की खबर मिलते ही गांव में कोहराम मच गया।
शुक्रवार को शव गांव पहुंचने पर परिजनों ने पुलिसिया कार्रवाई न होने से नाराज होकर अंतिम संस्कार करने से मना कर दिया और जमकर प्रदर्शन किया।
क्या है पूरा मामला?
जानकारी के अनुसार, मदरहना निवासी संतोष कुमार को 14 फरवरी को गांव के ही एक व्यक्ति ने मारपीट कर लहूलुहान कर दिया था। गंभीर हालत में उन्हें बीआरडी मेडिकल कॉलेज गोरखपुर में भर्ती कराया गया था। मृतक के पिता नजीर ने आरोप लगाया कि उन्होंने 17 फरवरी को ही कोतवाली में तहरीर दी थी और आईजीआरएस पर भी शिकायत की थी, लेकिन पुलिस ने समय रहते कोई कार्रवाई नहीं की।
नजीर का कहना है कि अगर पुलिस ने समय पर संज्ञान लिया होता, तो शायद आज उनका बेटा जीवित होता। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि विपक्षी द्वारा उन्हें लगातार धमकियां दी जा रही थीं।
पुलिसिया कार्रवाई के बाद शांत हुए परिजन
गुरुवार शाम संतोष की मौत के बाद जब शव गांव पहुंचा, तो परिजनों का धैर्य जवाब दे गया। पीड़ित परिवार इस बात पर अड़ गया कि जब तक आरोपी के खिलाफ मुकदमा दर्ज नहीं होता और उन्हें एफआईआर की कॉपी नहीं मिल जाती, तब तक वे शव का अंतिम संस्कार नहीं करेंगे।
घटना की संवेदनशीलता को देखते हुए पुलिस प्रशासन हरकत में आया। कपिलवस्तु कोतवाली पुलिस ने आनन-फानन में आरोपी के खिलाफ संबंधित धाराओं में केस दर्ज किया। एफआईआर दर्ज होने की सूचना मिलने के बाद परिजन शांत हुए और शव को घाट ले जाकर अंतिम संस्कार किया गया।
कपिलवस्तु कोतवाली प्रभारी संतोष तिवारी ने बताया कि तहरीर के आधार पर मामला दर्ज कर लिया गया है। पुलिस पूरी गंभीरता से मामले की जांच कर रही है और दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।