# **लोकतंत्र का गला घोंट रही सरकार: राहुल गांधी की तानाशाही हिरासत के खिलाफ सिद्धार्थनगर में कांग्रेस की दहाड़, राष्ट्रपति से लगाई न्याय की गुहार!**

**विपक्ष की आवाज दबाने का कुत्सित प्रयास; नीट धांधली पर घिरी सरकार पुलिस के बल पर लोकतंत्र को बना रही बंधक: काजी सुहेल अहमद**

गुरु जी की कलम से
*सिद्धार्थनगर | 22 जुलाई*
नई दिल्ली में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी, कांग्रेस सांसदों और वरिष्ठ नेताओं पर हुई पुलिसिया बर्बरता तथा उन्हें तानाशाही रवैये से हिरासत में लिए जाने के विरोध में जिला कांग्रेस कमेटी, सिद्धार्थनगर का आक्रोश उबल पड़ा। जिलाध्यक्ष काजी सुहेल अहमद के कड़े और तीखे नेतृत्व में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने जिलाधिकारी कार्यालय पर हुंकार भरते हुए जोरदार व शांतिपूर्ण धरना-प्रदर्शन किया। प्रदर्शन के उपरांत महामहिम राष्ट्रपति के नाम संबोधित एक ज्ञापन जिलाधिकारी के माध्यम से सौंपा गया।
**नीट धांधली से ध्यान भटकाने के लिए संवैधानिक अधिकारों का हनन** जिलाध्यक्ष काजी सुहेल अहमद ने केंद्र सरकार पर सीधा हमला बोलते हुए कहा कि देश के करोड़ों युवाओं और छात्रों के भविष्य को अंधकार में धकेलने वाले ‘नीट परीक्षा पेपर लीक’ मुद्दे पर जब राहुल गांधी और कांग्रेस सांसद लोकतांत्रिक तरीके से आवाज उठा रहे थे, तब उन पर पुलिसिया लाठी और बल प्रयोग किया गया।
**”शांतिपूर्ण प्रदर्शन करना हर नागरिक और जनप्रतिनिधि का संवैधानिक अधिकार है। केंद्र सरकार की सह पर पुलिस ने देश के नेता प्रतिपक्ष के साथ जो अमर्यादित और हिंसक व्यवहार किया है, वह यह साबित करता है कि मौजूदा हुकूमत संविधान और लोकतंत्र दोनों को खत्म करने पर आमादा है।”**
> — *काजी सुहेल अहमद, जिलाध्यक्ष (कांग्रेस, सिद्धार्थनगर)*
**ज्ञापन में की गई प्रमुख और कड़ी मांगें:**
1. **उच्चस्तरीय और निष्पक्ष जांच:** नेता प्रतिपक्ष और कांग्रेस सांसदों के साथ पुलिस द्वारा किए गए अमर्यादित व्यवहार की समयबद्ध उच्चस्तरीय जांच हो।
2. **दोषियों पर कार्रवाई:** तानाशाही रवैया अपनाने वाले दोषी अधिकारियों व पुलिसकर्मियों के खिलाफ कठोर विधिक एवं विभागीय कार्रवाई की जाए।
3. **शिक्षा मंत्री का इस्तीफा:** लाखों छात्रों के भविष्य से खिलवाड़ करने वाले केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान को पद से तत्काल बर्खास्त या इस्तीफा लिया जाए।
4. **लोकतांत्रिक अधिकारों की रक्षा:** विपक्ष के संवैधानिक अधिकारों की रक्षा हेतु भविष्य के लिए सख्त निर्देश जारी किए जाएं।
**सड़कों से संसद तक जारी रहेगा संघर्ष**
कांग्रेस नेताओं ने स्पष्ट शब्दों में चेतावनी दी कि सरकार चाहे जितने दमनकारी हथकंडे अपना ले, छात्रों के हक और देश के लोकतंत्र की रक्षा के लिए कांग्रेस की यह लड़ाई थमने वाली नहीं है।
इस शांतिपूर्ण धरना-प्रदर्शन और ज्ञापन प्रक्रिया में **बदरे आलम, राजन श्रीवास्तव, पवन पांडे, पप्पू खान, इश्तियाक अहमद चौधरी, होरीलाल श्रीवास्तव, ग़ालिब विसेन, डॉक्टर प्रमोद** सहित बड़ी संख्या में पार्टी पदाधिकारी व कार्यकर्ता उपस्थित रहे। सभी ने एक स्वर में राष्ट्रपति से लोकतंत्र, संविधान और नागरिक अधिकारों की बहाली के लिए शीघ्र अति शीघ्र प्रभावी कदम उठाने का आग्रह किया।