सरकारी स्कूल भी नहीं सुरक्षित! बेखौफ चोरों ने मिड-डे मील का 1.5 कुंतल राशन उड़ाया, साउंड सिस्टम तोड़कर मचाई तबाही

### **चोरों का तांडव: बच्चों के निवाले पर डाका, स्कूल का सामान तहस-नहस**

गुरु जी की कलम से
**बढ़नी/सिद्धार्थनगर।** ढेबरुआ थाना क्षेत्र में बेखौफ अपराधियों का तांडव थमने का नाम नहीं ले रहा है। अब चोरों ने बच्चों के भविष्य और पोषण के केंद्र—सरकारी प्राथमिक विद्यालय को ही अपना निशाना बना डाला। ग्राम पंचायत धनौरा बुजुर्ग स्थित प्राथमिक विद्यालय से अज्ञात चोरों ने मिड-डे मील योजना के तहत रखा लगभग डेढ़ कुंतल (1.5 क्विंटल) राशन पार कर दिया। इतना ही नहीं, विद्यालय में मौजूद पढ़ाई के लिए इस्तेमाल होने वाले साउंड सिस्टम को तोड़कर पूरे परिसर को तहस-नहस कर दिया।
**सुबह ताला टूटा देख उड़े प्रधानाध्यापक के होश**
विद्यालय के प्रधानाध्यापक **रामप्रीत यादव** ने बताया कि बुधवार सुबह जब वे स्कूल पहुंचे, तो मुख्य द्वार का ताला टूटा हुआ मिला। जब वे कमरे के अंदर दाखिल हुए, तो वहां का नजारा देखकर दंग रह गए:
* **मिड-डे मील का राशन गायब:** बच्चों के भोजन के लिए रखा लगभग डेढ़ कुंतल राशन गायब था।
* **साउंड सिस्टम क्षतिग्रस्त:** बच्चों की पढ़ाई और गतिविधियों में इस्तेमाल होने वाला साउंड सिस्टम पूरी तरह टूटा पड़ा था।
* **अस्त-व्यस्त सामान:** कमरे का अन्य कीमती सामान भी तितर-बितर कर दिया गया था।
घटना की सूचना तत्काल **डायल 112** और बढ़नी चौकी पुलिस को दी गई। इसके बाद ढेबरुआ थाने में लिखित तहरीर देकर अज्ञात चोरों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की गई है।
**इलाके में पहले भी हो चुकी हैं चोरी की बड़ी वारदातें**
ग्रामीणों में इस घटना को लेकर काफी आक्रोश और चिंता है। स्थानीय लोगों का कहना है कि क्षेत्र में चोरी की यह कोई पहली घटना नहीं है:
1. **स्कूलों को बार-बार निशाना:** इससे पहले भी आसपास के कई सरकारी विद्यालयों से गैस सिलेंडर, बर्तन और राशन चोरी हो चुके हैं।
2. **गोदाम में चोरी:** धनौरा बुजुर्ग से सटी मिल कॉलोनी में अधिवक्ता संघ के अध्यक्ष **दयासागर पाठक** के गोदाम से बीती 19/20 मई की रात हजारों रुपये का सामान चोरी हुआ था, लेकिन पुलिस आज तक उस मामले का भी खुलासा नहीं कर पाई है।
**नशे का अवैध कारोबार बन रहा चोरी की मुख्य वजह**
क्षेत्रवासियों का गंभीर आरोप है कि इलाके में फल-फूल रहा **अवैध नशे का कारोबार** इन आपराधिक घटनाओं की मुख्य जड़ है। स्मैक और प्रतिबंधित नशीली दवाओं की आसान उपलब्धता के कारण नशेड़ी युवा अपनी लत पूरी करने के लिए चोरी जैसी वारदातों को अंजाम दे रहे हैं। ग्रामीणों ने ढेबरुआ पुलिस से रात्रि गश्त बढ़ाने और नशे के सौदागरों पर नकेल कसने की मांग की है।
**थानाध्यक्ष बोले—तहरीर मिलते ही होगी कार्रवाई**
इस पूरे मामले पर ढेबरुआ थानाध्यक्ष **दुर्गा प्रसाद** से बात की गई तो उन्होंने बताया कि मामला अभी उनके संज्ञान में नहीं आया है। उन्होंने आश्वासन दिया कि तहरीर प्राप्त होते ही प्राथमिकी (FIR) दर्ज कर आवश्यक विधिक कार्रवाई की जाएगी।
**बड़ा सवाल:** लगातार बढ़ रही चोरी की घटनाओं के बीच अब क्षेत्रवासियों की निगाहें इस बात पर टिकी हैं कि ढेबरुआ पुलिस इस बार अपराधियों तक पहुँच पाती है या यह मामला भी पुरानी फाइलों की धूल चाटेगा?