बाढ़ प्रभावितों के बीच पहुंचे DM शिवशरणप्पा GN: मोटरबोट से मजरों में जाकर जाना हाल, लंच पैकेट वितरण और फसल क्षति सर्वे के निर्देश

बाणगंगा बैराज का लिया जायजा; गर्भवती महिलाओं, बुजुर्गों और मरीजों को सुरक्षित स्थानों पर शिफ्ट करने के कड़े आदेश

निजाम अंसारी

सिद्धार्थनगर। बाढ़ की विभीषिका के बीच जिला प्रशासन पूरी तरह से मुस्तैद नजर आ रहा है। सोमवार को जिलाधिकारी श्री शिवशरणप्पा जीएन ने शोहरतगढ़ तहसील क्षेत्र स्थित बाणगंगा बैराज और अति-प्रभावित ग्राम खैरी शीतल प्रसाद का व्यापक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने अधिकारियों को स्पष्ट चेतावनी दी कि बाढ़ राहत कार्यों में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

सबसे पहले जिलाधिकारी ने बाणगंगा बैराज पहुंचकर जलस्तर की स्थिति का जायजा लिया। बैराज पर पानी का स्तर घटने की पुष्टि होने के साथ ही उन्होंने संबंधित अभियंताओं को बंधों पर 24 घंटे सतत निगरानी बनाए रखने का निर्देश दिया।

मोटरबोट से मजरों में पहुंचे डीएम, लंच पैकेट वितरण के निर्देश

बैराज के निरीक्षण के उपरांत जिलाधिकारी जलमग्न ग्राम खैरी शीतल प्रसाद पहुंचे। वहां उन्होंने स्वयं मोटरबोट के जरिए पानी से घिरे मजरों का दौरा किया और सीधे ग्रामीणों से संवाद कर उनकी समस्याएं सुनीं।

डीएम ने उपजिलाधिकारी (SDM) शोहरतगढ़ को सख्त निर्देश दिए कि बाढ़ और बारिश के कारण बर्बाद हुई फसलों का तत्काल सर्वे कराकर पीड़ित किसानों को मुआवजा दिलाने के लिए आवश्यक कागजी कार्रवाई पूरी की जाए। इसके साथ ही पानी से घिरे सभी मजरों में तत्काल भोजन और लंच पैकेट का वितरण सुनिश्चित करने को कहा।

“प्रशासन आपके साथ है”: गर्भवती महिलाओं व मरीजों के लिए विशेष अलर्ट

ग्रामवासियों को ढांढस बंधाते हुए जिलाधिकारी ने आश्वस्त किया कि संकट की इस घड़ी में जिला प्रशासन पूरी तरह से जनता के साथ खड़ा है और हर संभव मदद उपलब्ध कराई जाएगी। उन्होंने अधिकारियों को गांववार बुजुर्गों, बीमार व्यक्तियों, महिलाओं और पुरुषों को चिन्हित करने का निर्देश दिया।

विशेष रूप से, डीएम ने निर्देश दिया कि बाढ़ प्रभावित गांवों में ऐसी गर्भवती महिलाओं की सूची बनाई जाए जिनकी डिलीवरी अगले 15-20 दिनों के भीतर होनी है। ऐसी महिलाओं को समय रहते सुरक्षित स्थानों और स्वास्थ्य केंद्रों पर पहुंचाया जाए, ताकि ऐन मौके पर परिजनों को किसी मुसीबत का सामना न करना पड़े।

मेडिकल टीमों को घर-घर जाकर दवाएं बांटने का आदेश

बाढ़ के बाद फैलने वाली बीमारियों से बचाव के लिए जिलाधिकारी ने स्वास्थ्य विभाग को अलर्ट मोड पर रखा है। उन्होंने निर्देश दिया कि मेडिकल टीमें तुरंत बाढ़ प्रभावित गांवों में पहुंचकर लोगों की स्वास्थ्य जांच करें और आवश्यक दवाएं व ओआरएस पैकेट वितरित करें।

निरीक्षण के दौरान उपजिलाधिकारी शोहरतगढ़ राजेश कुमार, अधिशासी अभियंता (ड्रेनेज खंड) कृपा भारती, सहायक अभियंता (ड्रेनेज खंड) मालविका जायसवाल , ग्राम प्रशासक खैरी शीतल समेत क्षेत्र के अन्य संबंधित अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।